बाजरा के स्थान पर अन्य फसलें लगाने वाले किसानों को भी मिलेगी प्रोत्साहन राशि

मेरी फसल मेरा ब्योरा पोर्टल पर 15 जुलाई तक कर सकते हैं आवेदन

फतेहाबाद, 5 जुलाई।

जिला में जिन किसानों ने पिछली वर्ष बाजरा की फसल बोई थी और इस बार वे इस फसल के स्थान पर मूंगफली, मूंग, अरंड की खेती करते हैं तो ऐसे किसानों को प्रदेश सरकार 4 हजार रुपये प्रति एकड़ प्रोत्साहन राशि देगी। इन किसानों को मेरी फसल मेरा ब्योरा पोर्टल ( www.fasal.haryana.gov.in) पर पंजीकरण करवाना होगा।

इस बारे जानकारी देते हुए उपायुक्त महावीर कौशिक ने बताया कि फसल विविधीकरण के लिए सरकार ने किसानों को प्रोत्साहन करने के लिए अनेक योजनाएं चलाई है। उसी योजना में बाजरा फसल के स्थान पर अन्य फसल बोने पर किसान को प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। किसान मेरी फसल मेरा ब्योरा पोर्टल पर 15 जुलाई तक आवेदन कर इस योजना का लाभ उठा सकते हैं।

उपायुक्त महावीर कौशिक ने बताया कि धान की फसल को छोडक़र उसके स्थान पर कपास, मक्का, अरहर, मंूग, मोठ, उड़द सोयाबीन, चारा, ग्वार, तिल, मंूगफली, फल व सब्जियों की काश्त करेगा उसे 7000 रुपये प्रति एकड़ की प्रोत्साहन राशि देने का भी प्रावधान है, ऐसे किसानों को भी उक्त पोर्टल पर पंजीकरण करवाना होगा।

 उन्होंने बताया कि कृषि विभाग ने जिला में फसल विविधीकरण के लिए फसलों का लक्ष्य निर्धारण किया है, जिसके तहत जिला में मक्का (515 एकड़), कपास (18000 एकड़), दालें (100 एकड़), खरीफ तिलहन (100 एकड़), चारा/खाली (1000 एकड़) फल/सब्जी (1875 एकड़) के हिसाब से कुल 21590 एकड़ लक्ष्य रखा गया है।  

उन्होंने बताया कि जिन किसानों ने खरीफ 2020 के दौरान इस स्कीम का लाभ उठाया था वे अगर इस वर्ष भी उसी क्षेत्र में फसल विविधीकरण करते हैं तो वे सभी किसान इस स्कीम के पात्र होगें। जिन किसानों ने खरीफ 2020 में जिस क्षेत्र में धान लगाया था व इस वर्ष उस क्षेत्र को खाली छोड़ देते है तो वे किसान भी इस स्कीम के पात्र होगें।

वे सभी किसान जो स्कीम का लाभ लेना चाहते हैं, उन्हे कृषि एवं किसान कल्याण विभाग द्वारा संचालित मेरी फसल मेरा ब्योरा पर अपना पंजीकरण करवाना अनिवार्य होगा। इस योजना का लाभ लेने हेतू इच्छुक किसानों को कृषि विभाग द्वारा संचालित मेरी फसल मेरा ब्योरा पोर्टल पर 15 जुलाई तक पंजीकरण करना होगा।