कम पानी में अधिक उत्पादन के लिए अपनाएं सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली

जिला के किसानों से सूक्षम सिंचाई योजना का लाभ उठाने का आह्वान करते हुए उपायुक्त महावीर कौशिक ने बताया कि इस योजना का मकसद कम से कम पानी में अधिक से अधिक उत्पादन करना है। उपायुक्त ने बताया कि हरियाणा सरकार ने किसानों को कृषि से संबंधित सिंचाई के जो नए आधुनिक तकनीकी साधन है, उनकी प्राप्ति करवाने के लिए इस सूक्ष्म सिंचाई योजना को शुरू किया है। सूक्ष्म सिंचाई योजना का लाभ उठाने के लिए www.cadaharyana.nic.in और सिंचाई विभाग के कार्यालय में संपर्क किया जा सकता है।

उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने कृषि से फसल की पैदावार को दौगुना करने के लिए इस प्रकार की योजनाओं को प्रदेश में लागू किया है। टपका सिंचाई का जिक्र करते हुए उपायुक्त बताया कि इस प्रणाली से 70 प्रतिशत जल की बचत होती है और इस प्रणाली से पौधों को जरूरत के हिसाब से पानी मिलता है। 

इस विधि में रासायनिक उर्वरकों को घोल के रूप में जल के साथ फसल को प्रदान किया जाता है। उपायुक्त ने कहा कि इस योजना के तहत ड्रिप स्प्रींकल पर 85 प्रतिशत सब्सिडी का प्रावधान किया गया है। इसके अतिरिक्त योजना के तहत पुराने कुओं का पुनर्जन्म, छत के पानी का एकत्रीकरण, टिब्बे पर सूक्ष्म सिंचाई व्यवस्था तथा खेती योग्य भूमि को शत-प्रतिशत पानी के प्रबंधन की व्यवस्था की जाएगी। योजन के तहत असंचित क्षेत्र के लिए सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली की व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।