राष्ट्रीय टीबी उन्मूलन कार्यक्रम के तहत गांव बड़ोपल में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

कार्यक्रम में टीबी के लक्षण, बचाव व उपचार बारे दी जानकारी

फतेहाबाद, 22 अक्टूबर।

जिला फतेहाबाद के गांव बड़ोपल में शुक्रवार को राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में सचिव आत्मा राम की अध्यक्षता में राष्ट्रीय टीबी उन्मूलन कार्यक्रम के अंतर्गत स्कूल एक्टिविटी के तहत बच्चों व अध्यापकों को जागरूक किया गया। टीबी कार्यक्रम को जन आंदोलन कार्यक्रम में परिवर्तित करने की इस मुहिम में घर-घर तक टीबी की बीमारी के बारे में लोगों को जागरूक करने के लिए विस्तार से बताया गया। इस दौरान वहां उपस्थित विद्यार्थियों, शिक्षकों व गैर शिक्षण कर्मचारियों को टीबी के लक्षण, कारण, बचाव व उपचार के बारे में विस्तार से बताया गया। इस दौरान टीबी मरीज को सरकार द्वारा दी जाने वाली सहायता के बारे में विस्तार से बताया गया। 

इस मौके पर जिला टीबी अधिकारी डॉ. हनुमान सिंह ने उपस्थित लोगों से अपील कि यदि किसी व्यक्ति को टीबी से संबंधित कोई भी लक्षण है तो वे तुरंत स्वास्थ्य केंद्र में जाकर जांच करवाएं। टीबी लक्षणों की जानकारी देते हुए उन्होंने बताया कि दो सप्ताह से ज्यादा खांसी या खांसी में बलगम या बलगम में खून आना, लगातार वजन कम होना, भूख ना लगना, दोपहर बाद बुखार आना व रात को पसीना आना इत्यादि टीबी के लक्षण हो सकते हैं। यदि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त में से कोई भी लक्षण पाया जाता है तो उसे तुरंत स्वास्थ्य संस्थान में जाकर टीबी की जांच करवानी चाहिए। यदि जांच में टीबी पाई जाती है तो तुरंत टीबी का ईलाज शुरू करना चाहिए। टीबी का ईलाज सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर मुफ्त उपलब्ध है।

डॉ. हनुमान सिंह ने बताया कि जो मरीज टीबी का ईलाज ले रहे हैं उनको सरकार की तरफ से निक्षय पोषण योजना के तहत 500 रुपये प्रति माह पोषण भता दिया जाता है। पोषण योजना का लाभ लेने के लिए टीबी के मरीज को स्वास्थ्य संस्था में अपना आधार कार्ड व बैंक खाते की फोटोकॉपी जमा करवानी अनिवार्य है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यदि कोई मरीज प्राइवेट अस्पताल से टीबी का ईलाज ले रहा है तो उसे भी सरकार द्वारा दी जाने वाली निक्षय पोषण योजना का लाभ मिलेगा। अंत में टीबी अधिकारी डॉ. हनुमान सिंह ने उपस्थित सदस्यों से जिला को टीबी मुक्त करने का संकल्प लिया। इस अवसर पर उन्होंने उपस्थित सदस्यों को मच्छर जनित बीमारियों की रोकथाम व बचाव के बारे में भी जागरूक किया। उन्होंने बताया कि हमें अपने आसपास कहीं भी पानी को एकत्रित नहीं होने देना चाहिए। अगर पानी एकत्रित होगा तो मच्छर जनित बीमारियां फैलने का भय रहेगा। इसलिए हमें नियमित तौर पर पानी को साफ करना चाहिए। इस अवसर पर कपिल कुमार, सुशील कुमार व स्कूल स्टॉफ उपस्थित रहा।